Saturday, June 13, 2026
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पत्रकार लोकतंत्र के सच्चे सेनानी, समाज को दिशा देने में उनकी भूमिका महत्वपूर्ण : मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय


रायपुर, 30 मई 2026। हिंदी पत्रकारिता के 200 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में राजधानी रायपुर के वीआईपी रोड स्थित राम मंदिर परिसर के सुंदर सदन में आयोजित पत्रकारिता गौरव मार्तंड उत्सव में मुख्यमंत्री Vishnu Deo Sai ने पत्रकारों को लोकतंत्र का सच्चा सेनानी बताते हुए कहा कि पत्रकार कठिन परिस्थितियों में भी समाज तक सही और तथ्यपरक जानकारी पहुंचाकर लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत करते हैं। उन्होंने कहा कि मीडिया की सकारात्मक आलोचना शासन, प्रशासन और समाज को बेहतर दिशा प्रदान करती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ की धरती पत्रकारिता की समृद्ध परंपराओं से जुड़ी रही है और रायपुर प्रेस क्लब जैसे संस्थान पत्रकारिता के मूल्यों को सहेजने का महत्वपूर्ण कार्य कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता जगत के अनेक वरिष्ठ हस्ताक्षरों का स्मरण करते हुए कहा कि इन विभूतियों ने समाज को जागरूक करने और लोकतांत्रिक मूल्यों को मजबूत करने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि 30 मई 1826 को प्रकाशित देश के प्रथम हिंदी समाचार पत्र Udant Martand ने हिंदी पत्रकारिता की मजबूत नींव रखी थी। आज दो शताब्दियों की यह गौरवशाली यात्रा देशवासियों के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने कहा कि भारतीय पत्रकारिता ने स्वतंत्रता आंदोलन से लेकर सामाजिक जागरण और राष्ट्र निर्माण तक हर दौर में परिवर्तनकारी भूमिका निभाई है।
उन्होंने भारतीय सनातन परंपरा का उल्लेख करते हुए देवर्षि नारद को आदि पत्रकार बताया तथा कहा कि भारतीय पत्रकारिता की जड़ें सांस्कृतिक चेतना और राष्ट्रवादी मूल्यों से जुड़ी रही हैं। मुख्यमंत्री ने Madhavrao Sapre, Mahatma Gandhi, Bal Gangadhar Tilak तथा Subhas Chandra Bose जैसे महान व्यक्तित्वों के पत्रकारिता योगदान का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने पत्रकारिता को राष्ट्रीय चेतना के प्रभावी माध्यम के रूप में स्थापित किया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री Narendra Modi के नेतृत्व में प्रदेश में जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन और नक्सलवाद उन्मूलन के प्रयासों को जन-जन तक पहुंचाने में मीडिया की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही है। उन्होंने कहा कि बस्तर में हो रहे सकारात्मक बदलाव, विकास, पर्यटन और नई संभावनाओं को देश-दुनिया तक पहुंचाने में पत्रकारों का योगदान सराहनीय है।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वित्त मंत्री O. P. Choudhary ने कहा कि हिंदी पत्रकारिता ने हमेशा समाज को अंधकार से प्रकाश की ओर ले जाने का कार्य किया है। वहीं वरिष्ठ पत्रकार K. G. Suresh ने पत्रकारिता को शोधपरक, तथ्यात्मक और साक्ष्य आधारित बनाए रखने पर जोर दिया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने पत्रकारिता क्षेत्र में उत्कृष्ट योगदान देने वाले वरिष्ठ पत्रकारों को लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड से सम्मानित किया तथा हिंदी पत्रकारिता के 200 वर्ष पूर्ण होने पर प्रकाशित विशेषांक, रायपुर प्रेस क्लब की पत्रकार डायरेक्टरी एवं दिनेश यदु की पुस्तक “मैं अगहन हूं” का विमोचन भी किया। कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों, पत्रकारों, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों एवं बड़ी संख्या में नागरिकों की उपस्थिति रही।

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रायपुर : ’छत्तीसगढ़ में जनगणना 2027 का प्रथम चरण सफलतापूर्वक संपन्न’ ’दूसरा चरण फरवरी 2027 में होगा शुरू’ रायपुर, 31 मई 2026 भारत और छत्तीसगढ़ राज्य के विकास की ठोस नींव तैयार करने के उद्देश्य से आयोजित राष्ट्रीय अभियान भारत की जनगणना 2027 का प्रथम चरण छत्तीसगढ़ में सफलतापूर्वक संपन्न हो गया है। राज्य के सभी जिलों, तहसीलों, गांवों और नगरीय क्षेत्रों में मकान सूचीकरण और मकानों की गणना का फील्ड कार्य 1 मई 2026 से शुरू होकर 30 मई 2026 को कुशलता एवं शांतिपूर्वक पूरा कर लिया गया। निदेशक, जनगणना कार्य छत्तीसगढ़ ने इस राष्ट्रीय महत्व के कार्य में राज्य के नागरिकों द्वारा दिए गए अभूतपूर्व सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया है। ’मोबाइल ऐप से जुटाए गए 33 प्रश्नों के जवाब’          प्रथम चरण के दौरान प्रगणकों ने घर-घर जाकर प्रत्येक मकान और उसमें रहने वाले परिवारों से भारत सरकार द्वारा अधिसूचित 33 प्रश्न पूछे। ये प्रश्न मकानों की स्थिति, परिवारों को उपलब्ध सुविधाओं और उनकी परिसंपत्तियों से संबंधित थे। सभी जानकारियां मोबाइल ऐप के माध्यम से डिजिटल रूप से संकलित की गई हैं, जो अब भारत सरकार के सर्वर में पूरी तरह सुरक्षित हैं। ’डेटा की गोपनीयता और सुरक्षा का भरोसा’         प्रशासन द्वारा स्पष्ट किया गया है कि आम नागरिकों द्वारा दी गई सभी व्यक्तिगत जानकारियां जनगणना अधिनियम 1948 और जनगणना नियमावली 1990 के प्रावधानों के तहत पूर्णतः गोपनीय रखी जाएंगी। इन आंकड़ों का उपयोग केवल नीति निर्माण और जनकल्याणकारी योजनाओं को तैयार करने के लिए किया जाएगा। संपूर्ण जनगणना प्रक्रिया पूरी होने के बाद भारत सरकार द्वारा तय समय पर ये आंकड़े जारी किए जाएंगे। ’आंकड़ों में छत्तीसगढ़ जनगणना (प्रथम चरण)’         राज्य में इस विशाल अभियान को अंजाम देने के लिए बड़े स्तर पर प्रशासनिक ढांचा तैयार किया गया था। 33 जिले, 195 नगरीय निकाय, 252 तहसीलें और 19 हजार 978 गांव पूर्ण रूप से कवर किए गए। कुल 251 ग्रामीण चार्ज और 221 नगरीय चार्ज बनाए गए थे, जिनके तहत 48 हजार 754 मकान सूचीकरण गणना ब्लॉक तैयार किए गए। इस कार्य में कुल 62 हजार 500 अधिकारियों और कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई थी। इनमें 47 प्रमुख जनगणना अधिकारी (33 जिला कलेक्टर एवं 14 नगर निगम आयुक्त), 250 जिला स्तरीय अधिकारी और 472 चार्ज अधिकारी, 60 मास्टर ट्रेनर्स और 1,100 फील्ड ट्रेनर्स, 52 हजार 705 प्रगणक और 9 हजार 319 पर्यवेक्षक शामिल रहे। ’फरवरी 2027 में होगा दूसरा चरण’          प्रथम चरण (मकानसूचीकरण) का मुख्य उद्देश्य द्वितीय चरण (जनसंख्या गणना) के लिए एक सटीक ढांचा (फ्रेम) प्रदान करना है, ताकि अगले चरण में कोई भी मकान या परिवार गणना से न छूटे। जनगणना 2027 का द्वितीय चरण (जनसंख्या गणना) फरवरी 2027 में आयोजित किया जाएगा। जनगणना निदेशालय ने उम्मीद जताई है कि दूसरे चरण में भी राज्य की जनता का ऐसा ही सक्रिय सहयोग मिलता रहेगा।
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