


कोरबा। जिले के मानिकपुर मांगामार (चैतमा) की बेटी डॉ. आराधना क्षत्रि ने कठिन परिस्थितियों और अथक मेहनत के बल पर एमबीबीएस की डिग्री हासिल कर क्षेत्र का नाम रोशन किया है। साधारण किसान परिवार से आने वाली आराधना की इस उपलब्धि से पूरे क्षेत्र में खुशी का माहौल है।
आराधना ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा सरस्वती शिशु मंदिर, रानीगांव (रतनपुर) से प्राप्त की। इसके बाद उन्होंने माध्यमिक शिक्षा माध्यमिक शाला नेहरूनगर, बरेली तथा उच्चतर माध्यमिक शिक्षा सरस्वती शिशु मंदिर, कटघोरा से पूरी की। उन्होंने कक्षा 10वीं में 80 प्रतिशत और 12वीं में 85 प्रतिशत अंक प्राप्त कर अपनी प्रतिभा का परिचय दिया।
आराधना के पिता रामफल क्षत्रि कृषक हैं, जबकि माता मधुलता क्षत्रि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) चैतमा में सुपरवाइजर के पद पर कार्यरत हैं। बचपन से डॉक्टर बनने का सपना संजोए आराधना ने कड़ी मेहनत और लगन के बल पर महावीर इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस एंड रिसर्च, आर.डी. धारीवाल हॉस्पिटल, भोपाल से एमबीबीएस की पढ़ाई सफलतापूर्वक पूरी की। यह संस्थान मध्यप्रदेश मेडिकल साइंस यूनिवर्सिटी, जबलपुर से संबद्ध है।
अपनी सफलता पर डॉ. आराधना ने इसका श्रेय अपने माता-पिता, गुरुजनों और परिवार के सदस्यों को दिया। उन्होंने विशेष रूप से क्षत्रि सर, विनोद पांडे, सुश्री रजत मिंज, डॉ. योगेश मारन (एमडी मेडिसिन), डॉ. देवेश मिश्रा (एमडी एनेस्थीसिया) और डॉ. स्वाति शर्मा (एमएस ऑब्स एंड गायनी) सहित सभी शिक्षकों के मार्गदर्शन के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने अपने बड़े भाई बलराम क्षत्रि, मौसी अंजुलता क्षत्रि, भाई राहुल, आयुष और मनीष सिंह के निरंतर सहयोग और उत्साहवर्धन को भी अपनी सफलता का महत्वपूर्ण आधार बताया।
डॉ. आराधना ने बताया कि एमबीबीएस की पढ़ाई के दौरान कई कठिनाइयों का सामना करना पड़ा, लेकिन परिवार के सहयोग, शिक्षकों के मार्गदर्शन और अपने आत्मविश्वास के दम पर उन्होंने हर चुनौती को पार किया। उन्होंने कहा कि उनका सपना ग्रामीण क्षेत्रों और जरूरतमंद लोगों तक बेहतर एवं गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना है।
डॉ. आराधना की इस उल्लेखनीय उपलब्धि पर परिजनों, मित्रों और क्षेत्रवासियों ने हर्ष व्यक्त करते हुए उन्हें शुभकामनाएं दी हैं तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है।

